9 जून को थाली-कटोरा पीटकर गरीब अधिकार दिवस मनाएगी राजद, तेजस्वी ने पूछा- राहत पैकेज का कितना हिस्सा राज्य को मिला

पटना. नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जदयू और भाजपा पर जमकर हमला बोला। तेजस्वी ने कहा कि एक तरफ बिहार लौटने के दौरान सौ से ज्यादा प्रवासी मजदूरों की मौत हो गई और दूसरी तरफ भाजपा डिजिटल रैली की तैयारी में जुटी है। उन्हें गरीबों की कोई चिंता नहीं है। उन्हें सिर्फ सत्ता की भूख और नशा है और वे लोग इसी को पूरा करने में लगे रहते हैं। हम गरीबों के लिए हक की आवाज बुलंद करेंगे। 9 जून को राजद गरीब अधिकार दिवस मनाएगी। हर गरीब से आह्वान करते हैं कि वे लोग इस दिन थाली-कटोरा पीटकर नींद में सो रही सरकार को जगाएं। जिन लोगों के पास थाली-कटोरा नहीं हैं, वे केले का पत्ता लेकर सड़क पर आ जाएं।

तेस्वी का सवाल- राहत पैकेज का कितना हिस्सा बिहार को मिला
तेजस्वी ने कहा कि डबल इंजन की सरकार को यह बताना चाहिए कि प्रधानमंत्री द्वारा घोषित राहत पैकेज का कितना हिस्सा बिहार को मिला। इसमें गरीबों की क्या हिस्सेदारी होगी। तेजस्वी ने कहा कि जो मजदूर यहां आ रहे हैं, वह वापस नहीं जाना चाहते। उनके लिए रोजगार की क्या व्यवस्था कराई गई है। गरीबों के लिए सरकार ने कौन सी योजना बनाई है। बिहार की अर्थव्यवस्था तो पहले से ही पिछड़ी है। सरकार बताए कि बिहार पटरी पर कैसे लौटेगा। लाखों लोगों को वे रोजगार कैसे दिलाएंगे।

‘अपने लोगों को भी नहीं संभाल सकी सरकार’
तेजस्वी ने कहा कि जो लोग पलायन की बात कहते थे, उनके लिए तो लौटे मजदूरों को संभालना भी मुश्किल हो गया। राज्य सरकार ने तो हाथ खड़े कर दिए थे कि हम अपने ही लोगों को नहीं रख सकते और न उन्हें वापस बुला सकते हैं। सरकार यह बताए कि पलायन रोकने के लिए पिछले 15 सालों में क्या योजनाएं बनाई गई। लोगों को राज्य में रोजगार मिले, इसके लिए क्या व्यवस्था हुई। ये स्थिति तो तब थी जब कोरोना नहीं था अब ऐसे हालात से सरकार कैसे निपटेगी। क्या इसके लिए कोई तैयारी है?
‘आटा नहीं तो डाटा का क्या करेंगे’
भाजपा की डिजिटल रैली पर सवाल खड़े करते हुए तेजस्वी ने कहा कि सरकार को राशन, सुशासन और कड़े प्रशासन के लिए डिजिटल का इस्तेमाल करना चाहिए। लेकिन, भाजपा चुनाव और भाषण के लिए डिजिटल का इस्तेमाल कर रही है। सौ से भी ज्यादा मजदूरों की मौत हो गई लेकिन, पार्टी नेताओं ने एक शब्द भी नहीं बोला। किसी ने अफसोस तक नहीं जताया। ये डाटा कलेक्ट करने की बात करते हैं। लेकिन, पेट के लिए पहले आटा जरूरी है। अगर आटा ही नहीं है तो डाटा का क्या करेंगे?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *